मेवली में आज निकलेगी श्रीकृष्ण की भव्य पालकी यात्रा, दो मेले का होगा उद्घाटन
उघैती। ग्राम मेवली स्थित प्राचीन ठाकुरद्वारा मंदिर में आज मंगलवार को हर साल विशेष भगवान श्रीकृष्ण की पालकी यात्रा रथ के साथ निकाली जाएगी। पालकी यात्रा को लेकर मंदिर समिति और पुरातत्त्व ने पूरी तरह ली हैं। धार्मिक आयोजन को लेकर ताज़ातरीन में जोश का माहौल है।
पालकी यात्रा प्राचीन ठाकुरद्वारे मंदिर से शुरू होगी। भगवान श्रीकृष्ण की पालकी को पूरी भक्तिभाव और गाजे-बाजे के साथ गांव की आरती लेकर जाएंगे। यात्रा के दौरान गांव में अलग-अलग तरह के तीर्थयात्रियों के द्वार स्थित थे। इसके बाद पालकी ने ठाकुरद्वारा निर्मित मंदिर में प्रवेश के लिए प्राचीन वस्तुओं की यात्रा की। इस दौरान बड़ी संख्या में आशा में शामिल होने की उम्मीद है।
वहीं, पालकी टूर के बाद शाम आठ बजे दो डिवेलरी फेस्टिवल का आयोजन किया जाएगा। ग़ुलाम का ख़ुलासा, क्षत्रिय महासभा के ग़ुलाम वीपी सिंह, प्रदेश मंत्री बिजनेश लंका और थाना अध्यक्ष उदयवीर सिंह संयुक्त रूप से रहेंगे। मेले में विभिन्न प्रकार की मूर्तियां और मनोरंजन के साधन आकर्षण का केंद्र।
आयोजकों एवं मठों से जुड़े धार्मिक आयोजनों में अधिक से अधिक संख्या में प्रवेश कार्यक्रमों को सफल बनाने की अपील की जाती है। मंदिर परिसर में साज-सज्जा लेकर भी जा रहे हैं। पालकी यात्रा के दौरान आश्रमों की भीड़ को देखते हुए जायरीनों की ओर से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।
पालकी यात्रा प्राचीन ठाकुरद्वारे मंदिर से शुरू होगी। भगवान श्रीकृष्ण की पालकी को पूरी भक्तिभाव और गाजे-बाजे के साथ गांव की आरती लेकर जाएंगे। यात्रा के दौरान गांव में अलग-अलग तरह के तीर्थयात्रियों के द्वार स्थित थे। इसके बाद पालकी ने ठाकुरद्वारा निर्मित मंदिर में प्रवेश के लिए प्राचीन वस्तुओं की यात्रा की। इस दौरान बड़ी संख्या में आशा में शामिल होने की उम्मीद है।
वहीं, पालकी टूर के बाद शाम आठ बजे दो डिवेलरी फेस्टिवल का आयोजन किया जाएगा। ग़ुलाम का ख़ुलासा, क्षत्रिय महासभा के ग़ुलाम वीपी सिंह, प्रदेश मंत्री बिजनेश लंका और थाना अध्यक्ष उदयवीर सिंह संयुक्त रूप से रहेंगे। मेले में विभिन्न प्रकार की मूर्तियां और मनोरंजन के साधन आकर्षण का केंद्र।
आयोजकों एवं मठों से जुड़े धार्मिक आयोजनों में अधिक से अधिक संख्या में प्रवेश कार्यक्रमों को सफल बनाने की अपील की जाती है। मंदिर परिसर में साज-सज्जा लेकर भी जा रहे हैं। पालकी यात्रा के दौरान आश्रमों की भीड़ को देखते हुए जायरीनों की ओर से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।
Follow us